Bahraich violence: बहराइच हिंसा के कई दिन बीतने के बाद भी माहौल अभी शांत नहीं हो पाया है। आलम अब यह है कि सुरक्षा के नाम पर क्षेत्र में जमी पुलिस लोगों के लिए परेशानी बन रही है।
खबर वही जो सत्य हो
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बहराइच
– फोटो : amar ujala
महराजगंज में हुए रामगोपाल मिश्रा के बर्बरतापूर्ण हत्याकांड के दौरान जहां पुलिस पर लापरवाही के गंभीर आरोप लगे थे। तो वहीं अब मृतक रामगोपाल मिश्रा के गांव रेहुवा मंसूर में दहशत फैलाने व निर्दोषों को परेशान करने का आरोप लगा है। रविवार की रात पुलिस पर महसी बार एसोसिएशन के पूर्व महामंत्री रामकरण त्रिपाठी के घर में घुसकर उन्हें अपमानित करने का भी आरोप लगा था। आलम यह है, कि बीते कई दिनों से रेहुवा मंसूर गांव खाकी व बूटों के दहशत के शाए में जी रहा है। वहीं अकारण कार्रवाई के डर से सैकड़ो युवाओं व अन्य ग्रामीण गांव छोड़ कर चले गए हैं। रात के समय बहुत ही कम लोगों के गांव में रहने की बात कही जा रह है।