उरई। जिला अस्पताल में क्वालिटी एश्योरेंस कार्यक्रम के तहत एनक्यूएएस सर्टिफिकेशन के लिए विभागीय नोडल अधिकारियों की समीक्षा बैठक हुई। बैठक में नोडल अधिकारियों डॉ एके पांडेय व डॉ. अमित गुप्ता गैरहाजिर रहे। इस पर सीएमओ डॉ. एऩडी शर्मा ने नाराजगी जताते हुए उनका स्पष्टीकरण लेने के निर्देश दिए। कहा कि चिकित्सा इकाइयों का एनक्यूएएस सर्टिफिकेशन का जो लक्ष्य सरकार द्वारा दिया गया है, उसमें किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
जनपदीय परामर्शदाता कालिटी एश्योरेंस डॉ अरुण कुमार ने बताया कि एनक्यूएएस सर्टिफिकेशन के लिए जिला पुरुष चिकित्सालय द्वारा 13 विभागों (इमरजेंसी, ओपीडी, आईपीडी, ओटी, लेबोरेटरी, पैथोलॉजी, रेडियोलोजी, ब्लड बैंक, पीडियाट्रिक ओपीडी, पीडियाट्रिक आईपीडी, एनआरसी एवं जनरल एडमिनिस्ट्रेशन) को लिया गया है। ऑपरेशन थिएटर, अन्तः रोगी विभाग एवं वाह्य रोगी विभाग में अपेक्षा के अनुरूप कार्य नहीं किया जा रहा है। जिस पर सीएमओ ने उन विभागों के नोडल अधिकारियों को चेतावनी दी। कहा कि एक सप्ताह के अंदर अपेक्षित प्रगति करें और प्रतिदिन किए जा रहे कार्यों से सीएमएस व अधोहस्ताक्षरी को अवगत कराएं। सभी नोडल अधिकारियों को कहा कि चेकलिस्ट अपने पास रखें एवं चेक पॉइंट्स के आधार पर कार्य करें। सीएमओ ने बैठक में लेटेस्ट इंटरनल असेसमेंट स्कोर, गैप असेसमेंट, एक्शन प्लान, ऑडिट रिपोर्ट, मरीज संतुष्टि प्रपत्रों एवं आउट कम इंडीकेटर्स की समीक्षा की जिन इंडीकेटर्स पर कार्य नहीं किया जा रहा था उन पर कार्य करने के निर्देश दिए साथ ही 25 नवंबर को पुनः समीक्षा बैठक करने को कहा।बैठक में सीएमएस डॉ. जेजे राम, नोडल अधिकारी डॉ एसपी सिंह, डॉ. सौरभ कुमार, डॉ. मनीज राजपूत, डॉ. शक्ति मिश्रा, डॉ संजीव अग्रवाल, डॉ मधुसुदन, डॉ अरविंद श्रीवास्तव, डॉ. बीपी सिंह आदि मौजूद रहे।
