मदयेगंज के खाले का पुरवा मोहल्ले में रहने वाली इंटर की छात्रा चित्रा (20) ने रात घर में फंदा लगा लिया। परिजनों का कहना है कि 18 फरवरी से शुरू होने वाली बोर्ड की परीक्षा को लेकर चित्रा तनाव में थी। आशंका है कि उसी के चलते उसने आत्महत्या कर ली।
पिता राजगीर राकेश निषाद के मुताबिक चित्रा नारी शिक्षा निकेतन में कक्षा-12 की छात्रा थी। वह शनिवार सुबह पत्नी बबीता के साथ अयोध्या ससुराल गए थे। घर पर चित्रा और उसकी दो बड़ी बहनें सुषमा व रश्मि थीं। शाम को सुषमा और रश्मि चचेरी बहन के रिसेप्शन में शामिल होने घर के पास ही लॉन चली गईं। चित्रा घर में रहकर पढ़ाई कर रही थी। रात लगभग 11:30 बजे दोनों बहने घर लौटीं तो घर का दरवाजा अंदर से बंद था। कई बार खटखटाने पर भी दरवाजा नहीं खुला तो दोनों बहनों ने मोहल्ले वालों से मदद मांगी। दरवाजा तोड़कर लोग जब कमरे में पहुंचे तो चित्रा का शव पाइप से रबड़ की पट्टी के सहारे लटका मिला।
चित्रा की आत्महत्या की खबर पाकर माता-पिता भी अयोध्या से लौट आए। राकेश ने बताया कि बेटी बोर्ड एग्जाम के तनाव में थी। पढ़ाई के चलते वह चचेरी बहन के रिसेप्शन में भी नहीं गई थी। एसओ मदेयगंज अंजनी कुमार सिंह का कहना है कि मौके से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है। ऐसे में आत्महत्या की सही वजह का पता नहीं चल पाया है।
बोर्ड परीक्षा के दौरान बच्चों पर विशेष ध्यान दें अभिभावक
बोर्ड परीक्षा के दौरान अभिभावकों को बच्चों पर विशेष ध्यान देना चाहिए। परीक्षा के दौरान किसी तरह का लक्षण दिखने पर बच्चों से बात करें। उनकी समस्या को समझें। संयुक्त शिक्षा निदेशक माध्यमिक कार्यालय से विज्ञान चेतना हेल्प लाइन नंबर भी जारी है। छात्र-छात्रा किसी तरह की शंका व परेशानी पर हेल्पलाइन नंबर 9415664679 पर कॉल कर सुझाव ले सकते हैं। यह समय ऐसा है कि जब अभिभावकों को ज्यादा समय देना चाहिए। -डॉ. दिनेश कुमार, मंडलीय विज्ञान प्रगति अधिकारी लखनऊ।
