होली के लिए अस्पताल अलर्ट हो गए हैं। आपात स्थिति से निपटने के लिए अस्पतालों में 190 बेड आरक्षित किए गए हैं। इमरजेंसी में दवाओं की उपलब्धता के साथ ही डॉक्टरों की ड्यूटी भी तय की गई है।बलरामपुर अस्पताल में 50 बेड आरक्षित हैं। सीएमएस डॉ. हिमांशु चतुर्वेदी ने बताया कि पर्याप्त दवाओं का इंतजाम भी किया गया है। इमरजेंसी में मरीजों की पैथोलॉजी व रेडियोलॉजी जांच की सुविधाएं मुहैया कराई जा रही हैं। लोकबंधु अस्पताल में 20 बेड आरक्षित किए गए हैं। चिकित्सा अधीक्षक डॉ. अजय शंकर त्रिपाठी ने बताया कि रोस्टर के हिसाब से डॉक्टरों की इमरजेंसी ड्यूटी लगाई गई है, जिसमें त्वचा, हड्डी, जनरल सर्जरी और मेडिसिन के डॉक्टरों की ऑन काॅल ड्यूटी लगाई गई है।
बीकेटी स्थित राम सागर मिश्र हॉस्पिटल में 30 बेड आरक्षित हैं। सीएमएस डॉ. वीके शर्मा ने बताया कि मेडिसिन, जनरल सर्जरी, नेत्र व हड्डी रोग विशेषज्ञ की ड्यूटी लगाई गई है। ठाकुरगंज स्थित संयुक्त चिकित्सालय में 10, सिविल अस्पताल में 30, केजीएमयू में 30 और लोहिया संस्थान में 20 बेड आरक्षित किए गए हैं।
इमरजेंसी होने पर मदद के लिए डायल करे 108 व 102
होली के दौरान 108 व 102 एंबुलेंस सेवाएं 24 घंटे हाई अलर्ट पर रहेंगी। एंबुलेंस का संचालन करने वाली ईएमआरआई ग्रीन हेल्थ सर्विसेज के प्रेसिडेंट टीवीएसके रेड्डी ने बताया कि होली के दिन 108 एंबुलेंस चिह्नित स्थानों, दुर्घटना बहुल क्षेत्रों व थानों के पास मौजूद रहेगी। गर्भवती महिलाओं व दो साल तक बच्चों को भी सेवाएं दी जाएंगी। प्रदेश में 108 सेवा की 2,200 और 102 सेवा की कुल 2,270 एंबुलेंस 24 घंटे संचालित हैं।
