मोहनलालगंज में दिव्यांग मां-बेटे की हत्या के मामले में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। मुठभेड़ में गिरफ्तार आरोपी पड़ोसी किशन रावत ने पूछताछ में बताया कि उसने हत्या के बाद महिला के शव के साथ दरिंदगी की थी। उसने सलवार से महिला का गला कसा था, जिससे उसकी मौत हो गई थी।
सूत्रों का कहना है कि हत्या करने के बाद आरोपी महिला के घर से निकला और दरवाजे पर बाहर से सिटकनी लगा दी। कुछ दूरी पर झाड़ियों में शौच कर रहे युवक ने उसे बाहर निकलते देख लिया था। कुछ देर बाद गांव में दोहरे हत्याकांड की खबर फैली तो युवक हैरान रह गया। वह गांव के एक व्यक्ति के यहां काम करता है। युवक ने मालिक को किशन के बारे में बताया। धीरे-धीरे किशन का नाम चर्चा में आया। इसके बाद पुलिस को सूचना दी गई।
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पुलिस ने किशन की तलाश की, पर उसका फोन बंद था। हत्या करने के बाद किशन दोस्त के पास पहुंचा और उसे मोहनलालगंज तक छोड़ने की बात कही। दोस्त उसे मोहनलालगंज तक छोड़कर आया। हालांकि, किशन ने उसे घटना के बारे में कुछ नहीं बताया।
महिला के बेटे पर डंडे से किया हमला: छानबीन में सामने आया कि घर में घुसते ही किशन आक्रामक हो गया और महिला से जबरदस्ती करने लगा। इस दौरान महिला का बेटा कुछ दूरी पर था। महिला ने किशन का नाम लेते हुए उसे ऐसा नहीं करने के लिए कहा। बेटा किशन का नाम सुनकर शोर मचाने लगा। हालांकि, घर के पास फॉगिंग होने के कारण उसकी आवाज दब गई।
किशन ने गला दबाकर महिला को पटक दिया, जिससे वह बेसुध हो गई। इसके बाद वह महिला के बेटे को खींचकर थोड़ी दूर ले गया। फिर पैंट उतारकर डंडे से उसकी पिटाई करने के बाद गला कसकर पानी के टब में डाल दिया। इसके बाद उसने महिला के शव के साथ दरिंदगी की।
