रेलवे टेक्नीशियन की पत्नी ने पार्क में जाकर जहर खा लिया। वह घर से स्कूटी लेकर पार्क में पहुंची थी। पार्क में एक युवक का फोन लेकर पति से बात की और बताया कि अब उसे मत ढूंढ़ना। यह सुनकर पति पार्क में पहुंचा, जहां हालत खराब देख मेडिकल कालेज ले गया। जहां बृहस्पतिवार उसकी मौत हो गई। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
रेलवे में टेक्नीशियन रामहरि मीणा पत्नी मिथलेश देवी (33) व दो बेटी व एक बेटे के साथ खातीबाबा में रहता है। रामहरि मीणा ने बताया कि उसकी शादी साल 2011 में राजस्थान के करौली में रहने वाली मिथलेश के साथ हुई थी। करीब दो साल पहले पत्नी को ब्रेन ट्यूमर हो गया। उसका ऑपरेशन जयपुर में कराया था। तब से पत्नी का व्यवहार बदल गया। वह अक्सर हाइपर रहती थी। 15 अप्रैल की शाम लगभग 7 बजे दोनों के कुछ कहासुनी हुई। इस पर पत्नी गुस्से में स्कूटी उठाकर घर से निकल गई। पत्नी के घर से गुस्से में जाने पर वह उसे खोज रहा था। इसी बीच किसी राहगीर के नंबर से फोन आया। मिथलेश ने उससे कहा कि अब वह उसे न ढूंढ़े और फोन काट दिया। इस पर उसने पलटकर फोन लगाया तो राहगीर ने बताया कि वह कांशीराम पार्क में है। यह सुनकर वह दौड़कर पार्क में पहुंचा और पत्नी की हालत देख अस्पताल ले गया। जहां से उसे मेडिकल कालेज रेफर कर दिया। डॉक्टर ने बताया कि पत्नी ने जहर खाया है। इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
मसीहागंज चौकी इंचार्ज साजेश कुमार ने बताया कि कहासुनी होने पर मिथलेश ने पार्क में जाकर जहर खा लिया। पंचनामा भरकर शव का पोस्टमार्टम करवाया गया है। मायके वाले भी आ गए थे। किसी ने कोई तहरीर नहीं दी है।