डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने स्वास्थ्य विभाग में लापरवाही और अनियमितताओं के मामलों पर सख्त रुख अपनाते हुए बड़ी कार्रवाई की है। चिकित्सकीय कार्यों से लगातार अनुपस्थित रहने और ड्यूटी में लापरवाही बरतने वाले पांच चिकित्साधिकारियों को सेवा से बर्खास्त करने के आदेश जारी किए गए हैं। इनमें गोरखपुर की डॉ. अलकनन्दा, कुशीनगर के डॉ. रामजी भारद्वाज, बलरामपुर के डॉ. सौरभ सिंह, अमेठी के डॉ. विकलेश कुमार शर्मा और औरैया की डॉ. मोनिका वर्मा शामिल हैं।
इसके अलावा 1 सीएमओ समेत 16 चिकित्साधिकारियों के खिलाफ विभागीय अनुशासनिक कार्रवाई शुरू करने के निर्देश दिए गए हैं। अम्बेडकर नगर के सीएमओ डॉ. संजय कुमार शैवाल और डिप्टी सीएमओ डॉ. संजय वर्मा पर निजी अस्पतालों, नर्सिंग होम और अल्ट्रासाउंड सेंटरों के पंजीकरण एवं नवीनीकरण में अनियमितता और पद के दुरुपयोग के आरोप सिद्ध पाए गए हैं। शिकायतों की जांच एडीएम स्तर की समिति से कराई गई, जिसमें आरोप सही पाए गए।
हरदोई के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. मनोज कुमार सिंह पर अवैध निजी अस्पतालों के खिलाफ कार्रवाई न करने के आरोप में विभागीय जांच के आदेश दिए गए हैं। वहीं प्रयागराज के सीएचसी मेजा के अधीक्षक डॉ. शमीम अख्तर पर प्रशासनिक लापरवाही के आरोप में कार्रवाई और तबादले के निर्देश जारी किए गए हैं।
सुल्तानपुर के लम्भुआ सीएचसी में महिला मरीज के इलाज में लापरवाही के मामले में तत्कालीन अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार सिंह, डॉ. धर्मराज और फार्मासिस्ट अवधनारायण के खिलाफ विभागीय कार्रवाई होगी।
मथुरा जिला अस्पताल के दो डॉक्टरों पर गलत मेडिकोलीगल रिपोर्ट तैयार करने के आरोप में जांच बैठाई गई है। इसके अतिरिक्त कई डॉक्टरों की वेतनवृद्धि रोकने और परिनिंदा दंड देने के आदेश भी दिए गए हैं। उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने स्पष्ट कहा कि मरीजों के इलाज में लापरवाही किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं की जाएगी और दोषियों पर कठोर कार्रवाई जारी रहेगी।
