उत्तर प्रदेश में नॉर्थ-साउथ कॉरिडोर के तहत 298.4 किमी लंबे फोरलेन मार्ग बनने का रास्ता साफ हो गया है। इसमें 62 किमी सड़क निर्माण के लिए 725.83 करोड़ रुपये दिए जाने को मंजूरी दे दी गई है। जबकि, 235.75 किमी लंबी सड़कों के निर्माण के लिए प्रस्ताव शासन को भेज दिया गया है।
वर्तमान में राज्य में निर्मित अधिकांश राष्ट्रीय राजमार्ग एवं एक्सप्रेसवे पूर्व से पश्चिम की दिशा में निर्मित हैं। इसलिए प्रदेश सरकार ने नेपाल बॉर्डर से सटे जिलों से प्रारंभ कर उत्तर से दक्षिण दिशा की ओर महत्वपूर्ण जिलों को जोड़ने का फैसला किया गया है। यह कॉरिडोर इस तरह से डिजाइन किया गया है, ताकि अन्य राज्यों मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, आंध्र प्रदेश और तेलंगाना आदि तक पहुंच सुगम बनाई जा सके।