खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग (एफएसडीए) व पुलिस की संयुक्त टीम ने बीकेटी किसान पथ से ब्रांडेड कंपनियों के नाम पर तैयार की गई नकली दवाओं की खेप पकड़ी है। 2157 बोतल संदिग्ध और नकली दवाएं बरामद की हैं। एक आरोपी को गिरफ्तार किया गया। दो आरोपी फरार हो गए हैं। पुलिस दोनों को तलाश रही है।
एफएसडीए के सहायक मंडल आयुक्त ब्रजेश यादव ने बताया विभाग को मिले इनपुट के आधार पर बीकेटी पुलिस व एफएसडीए की टीम ने किसान पथ स्थित मामपुर खड़ंजा मार्ग पर एक वैन को रोककर तलाशी ली। वाहन से बड़ी मात्रा में दवाएं मिलीं। चालक कोई वैध औषधि लाइसेंस या बिल-वाउचर नहीं दिखा सका।
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मौके पर पहुंचे ड्रग इंस्पेक्टर विवेक कुमार सिंह, संदेश मौर्य, राहुल कुमार और अनीता कुरील ने दवाओं की जांच की। टीम ने रुबीरेड 200 एमएल की 246 बोतल, अल्कासोल शुगर फ्री 100 एमएल की 1063 बोतल और म्यूकेन जेल 200 एमएल की 848 बोतलें बरामद कीं। बरामद दवाओं की कीमत करीब 4 लाख 37 हजार रुपये है।
अमीनाबाद पहुंचाई जा रही थी खेप
जांच में अल्कासोल शुगर फ्री की बोतलों के लेबल, कैप, प्रिंटिंग, लोगो और अन्य सुरक्षा चिह्न कंपनी के कंट्रोल सैंपल से अलग मिले। कंपनी के प्रतिनिधियों ने इसे स्प्यूरियस (नकली) दवा बताया। म्यूकेन जेल के लेबल में भी कई गंभीर खामियां मिलीं। अन्य दवाओं के नमूने भी जांच के लिए भेजे गए हैं। टीम ने माल के पकरा निवासी भूपेंद्र सिंह को गिरफ्तार किया। भूपेंद्र ने पुलिस को बताया कि दवाएं राज विक्रम सिंह और विनीत सिंह की हैं। ये दवा अमीनाबाद पहुंचाने जा रहा था। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है।
