झांसी। उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग की ओर से प्राविधिक सहायक ग्रुप-सी की मुख्य लिखित परीक्षा रविवार को जिले के 18 परीक्षा केंद्रों पर आयोजित की गई। पंजीकृत 7,176 अभ्यर्थियों में से 6,234 परीक्षा में शामिल हुए, जबकि 942 अभ्यर्थी अनुपस्थित रहे। परीक्षा सुबह 10:00 से दोपहर 12:00 बजे तक आयोजित की गई।
परीक्षा शुरू होने से पहले ही केंद्रों पर अभ्यर्थियों की भारी भीड़ जुटने लगी थी। प्रवेश के दौरान परीक्षार्थियों की सघन जांच की गई। कलक्ट्रेट स्थित कंट्रोल रूम से सभी परीक्षा केंद्रों की गतिविधियों पर सीसीटीवी कैमरों के जरिए लगातार नजर रखी गई। अपर जिलाधिकारी (प्रशासन) शिव प्रताप शुक्ला ने कलक्ट्रेट स्थित कंट्रोल रूम पहुंचकर सीसीटीवी निगरानी का जायजा लिया। सुरक्षा के मद्देनजर परीक्षा केंद्रों के आसपास फोटोकॉपी (फोटोस्टेट) की दुकानें बंद रखी गईं। परीक्षा के दौरान धारा-163 लागू रही और सभी 18 स्टैटिक व सेक्टर मजिस्ट्रेट केंद्रों पर मुस्तैद रहे।
कंप्यूटर के प्रश्नों ने किया परेशान
इस मुख्य लिखित परीक्षा में अधिकांश परीक्षार्थी स्नातक (बीएड) और परास्नातक (पोस्ट ग्रेजुएट) पास शामिल हुए। अभ्यर्थियों ने बताया कि पेपर तथ्यात्मक और पाठ्यक्रम (सिलेबस) पर आधारित था। हालांकि, दो घंटे के पेपर में समय प्रबंधन सबसे बड़ी चुनौती साबित हुआ। परीक्षा में कृषि योजनाएं, सिंचाई, कृषि में उपयोग होने वाले रासायनिक पदार्थ, कंप्यूटर, आईटी और यूपी जीके से जुड़े प्रश्न पूछे गए। इनमें से अधिकांश परीक्षार्थियों को कंप्यूटर के कठिन सवालों ने खासा परेशान किया।
– पेपर सामान्य से थोड़ा ऊपर लगा। कंप्यूटर के प्रश्नों में परेशानी हुई, जबकि कृषि से जुड़े सवालों पर अच्छी पकड़ रखने वालों को इसका फायदा मिलेगा।
हिमांशु यादव (कानपुर)
– समय सिर्फ दो घंटे का था, इसलिए सभी सवालों को हल करने के बाद दोबारा उनकी जांच करना थोड़ा मुश्किल रहा। कुल मिलाकर पेपर संतुलित था।
सेजल पाराशर (ललितपुर)
कंप्यूटर के कुछ सवाल सीधे थे, जबकि कुछ में विकल्पों को लेकर सोचने में समय लगा। जो छात्र पहले से तैयारी कर रहे थे, उनके लिए यह आसान रहा।
सुरभि राजपूत (ललितपुर)
तैयारी के हिसाब से पेपर ठीक रहा। सामान्य अध्ययन और कृषि दोनों हिस्सों में प्रश्नों का अच्छा संतुलन देखने को मिला, हालांकि समय प्रबंधन में थोड़ी परेशानी हुई।
पुष्पेंद्र कुमार (फिरोजाबाद)
