साइबर जालसाज व्हाट्स एप पर निमंत्रण कार्ड या किसी अन्य जरूरी दस्तावेज के नाम पर एपीके फाइल भेजकर मोबाइल फोन के साथ ही व्हाट्स एप भी हैक कर ले रहे हैं। कांग्रेस शहर अध्यक्ष मनोज गुप्ता और पार्षद विकास खत्री भी इसी तरह जालसाजों के शिकार हो गए। इन दोनों के एपीके फाइल डाउनलोड करते ही इनका फोन हैक हो गया। इसके बाद इनके फोन से उनके कांट्रैक्ट लिस्ट में जुड़े नाम तक फर्जी मेसेज धड़ाधड़ पहुंचने लगे। बुधवार को बड़ी संख्या में लोग साइबर थाने पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई।
पार्षद विकास खत्री ने बताया कि उनके मोबाइल फोन में मंगलवार को शहर कांग्रेस अध्यक्ष मनोज गुप्ता की ओर से शादी का निमंत्रण कार्ड मिला था। यह एपीके फाइल थी। उन्होंने जैसे ही फाइल डाउनलोड की उनका मोबाइल फोन भी हैक हो गया। इसके बाद से वह अपना मोबाइल फोन एवं व्हाटस एप भी इस्तेमाल नहीं कर पा रहे हैं। इसी तरह मनोज गुप्ता भी अपना मोबाइल फोन इस्तेमाल नहीं कर पा रहे हैं। इन दोनों के मोबाइल फोन को हैक करके जालसाज ने दूसरे लोेगों को भी यह एपीके फाइल भेज दी।
निमंत्रण कार्ड के नाम पर भेज रहे एपीके
साइबर विशेषज्ञ डा.राजीव त्रिपाठी के मुताबिक जालसाजों के लिए यह तरीका बेहद आसान है। पहले व्हाट्सएप पर किसी परिचित या परिचित के नंबर से निमंत्रण कार्ड, शादी का कार्ड, कार्यक्रम या अन्य दस्तावेज के नाम पर एपीके फाइल भेजी जाती है। इसमें एप्लीकेशन इंस्टॉल करने की फाइल होती है। इसके जरिये मोबाइल तक पहुंचने का रास्ता मिल जाता है।
इस तरह से किया जा सकता है बचाव
व्हाट्सएप पर आई किसी भी एपीके फाइल को डाउनलोड या इंस्टॉल न करें, भले ही वह परिचित के नंबर से आई हो।
एप्लीकेशन केवल आधिकारिक एप स्टोर से ही डाउनलोड करें।
मोबाइल में गूगल प्ले प्रोटेक्ट चालू रखें और संदिग्ध एप्लीकेशन तथा उसकी अनुमति को ठीक से देखें।
व्हाट्सएप की सेटिंग में जाकर लिंक किए गए उपकरण को देंखे। अनजान उपकरण मिलने पर लॉग आउट करें।
व्हाट्स एप में ऐसे चालू करें टू स्टेप वेरिफिकेशन
व्हाट्सएप खोलें। इसके बाद तीन बिंदु पर क्लिक करके सेटिंग पर जाएं। यहां अकाउंट पर जाकर टू स्टेप वेरिफिकेशन को चालू कर दें। इसके बाद छह अंकों का पिन बनाएं। इसके साथ ईमेल पता जोड़ें। साइबर विशेषज्ञों का कहना है कि इससे व्हाटस एप को हैक होने से बचाया जा सकता है।
