संवाद न्यूज एजेंसी, जालौन
Updated Tue, 06 Aug 2024 03:58 AM IST

उरई। स्वास्थ्य सेवाओं की बेहतरी के लिए अब सरकारी अस्पतालों में ऑन काल विशेषज्ञ चिकित्सकों की सेवाएं ली जाएगी। इसके लिए उन्हें मानदेय भी दिया जाएगा। यह मानदेय प्रति केस के आधार पर दिया जाएगा। साथ ही आने जाने के लिए भत्ता भी दिया जाएगा। इससे मरीजों को विशेषज्ञ चिकित्सकों की सेवाएं मिल सकेगी। हालांकि अभी भी यह योजना चल रही है लेकिन अब इसका विस्तार सीएचसी स्तर तक करने की तैयारी हो रही है।
आमजन को विशेषज्ञ चिकित्सकों की सेवाएं मुहैया कराने के लिए सरकार विशेषज्ञ चिकित्सकों की सेवाएं लेगी। इसके लिए तैयारियां शुरू कर दी गई है। अभी तक अधिकांश बेहोशी वाले चिकित्सक (एनेस्थिसियोल़ॉजिस्ट) की सेवाएं ली जाती रही हैं। जिला महिला अस्पताल में भी बेहोशी के चिकित्सक की सेवाएं ली जाती थीं। इसमें चिकित्सक को निर्धारित मानदेय प्रति केस के हिसाब से दिया जाता था। अब इसका सीएचसी स्तर तक विस्तार करने की तैयारी है।
जिले के ऐसी सीएचसी जहां फर्स्ट रेफरल सेंटर (एफआरयू) है, वहां इसे लागू किया जाएगा। इसमें विशेषज्ञ चिकित्सक की सेवाएं दी जाएंगी। इसमें विशेषज्ञ चिकित्सकों को दिन और रात के हिसाब से अलग अलग मानदेय दिया जाएगा। जिला अस्पताल के वरिष्ठ परामर्शदाता डॉ. अविनेश कुमार बनौधा का कहना है कि यह सुविधा अभी जिला महिला अस्पताल में दी जा रही थी। अब इस सेवा का विस्तार किया जा रहा है। इसमें दिन और रात के हिसाब से अलग अलग मानदेय दिया जाएगा। इस बार सेवा देने आने वाले चिकित्सक को वाहन का खर्चा भी दिया जाएगा। इस सेवा से ग्रामीण क्षेत्र की सीएचसी को भी लाभ मिल सकेगा।
