उत्तर मध्य रेलवे (एनसीआर) झांसी मंडल के आरपीएफ अधिकारी को हनीट्रैप में फंसाने के आरोप में गिरफ्तार महिला यूट्यूबर के प्रयागराज जंक्शन स्थित ऑफिसर रेस्ट हाउस में ठहरने के मामले की जांच अब रेलवे के डिजिटल रिकॉर्ड के आधार पर की जाएगी। रेलवे प्रशासन करीब एक माह के रेस्ट हाउस बुकिंग के दस्तावेज खंगालने में जुटा है।
जांच में दौरान पता चला था कि रेस्ट हाउस में युवती रुकी थी उसकी बुकिंग रेलवे के ही एक अधिकारी की यूजर आईडी से कराई गई थी। इस खुलासे के बाद एनसीआर के के उच्च अधिकारियों ने रेस्ट हाउस की बुकिंग और आवाजाही के रिकॉर्ड की पड़ताल शुरू कर दी है। एनसीआर के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी (सीपीआरओ) डॉ. शिवम शर्मा ने बताया कि उच्च स्तर पर निष्पक्ष जांच की जा रही है।
दरअसल, बुधवार रात झांसी पुलिस रेस्ट हाउस से युवती को गिरफ्तार कर अपने साथ ले गई थी। झांसी में एक आरपीएफ अधिकारी की ओर से दर्ज कराई गई एफआईआर के आधार पर यह कार्रवाई की गई थी।
