मोंठ। धान खरीद के दौरान किसानों को नकद भुगतान में दो प्रतिशत कटौती की शिकायत को एसडीएम मनीषा धारवे ने गंभीरता से लिया। उन्होंने व्यापारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि किसानों को उनकी उपज का पूरा मूल्य दिया जाए। किसी भी भुगतान माध्यम से किसानों के पैसे में कटौती नहीं की जाएगी।
कटौती की शिकायत मिलने पर संबंधित व्यापारी के खिलाफ कार्रवाई होगी। जिलाधिकारी के निर्देश पर एसडीएम ने झांसी के जिला खाद्य विपणन अधिकारी और जिला बाट-माप अधिकारी के साथ मोंठ और समथर मंडी के धर्मकांटों का निरीक्षण किया। निजी धर्मकांटों की भी जांच की गई। अधिकारियों ने तौल की शुद्धता परखी और घटतौली न करने की चेतावनी दी। किसानों को अनावश्यक रूप से परेशान न करने और समय पर भुगतान सुनिश्चित करने को कहा गया। मंडी सचिव सीएन मिश्रा सहित अन्य अधिकारी निरीक्षण में मौजूद रहे।
समथर मंडी में किसानों और व्यापारियों ने जगह की कमी की समस्या उठाई। धान लेकर आने वाले ट्रैक्टरों से मोंठ-समथर मार्ग पर अक्सर जाम लगता था। व्यापारियों ने लोक निर्माण विभाग की पुरानी सड़क की खाली जमीन उपयोग करने का सुझाव दिया। एसडीएम ने पीडब्ल्यूडी अधिकारियों को बुलाकर उस जमीन का उपयोग ट्रैक्टर खड़े करने और धान नीलामी के लिए करवाया। इससे मंडी के बाहर यातायात सुचारु हो गया।
