लखनऊ। करीब डेढ़ माह पहले फैजुल्लागंज की जिन गलियों में चार फीट तक पानी भरा था और जिंदगी ठहर गई थी, वहां अब दिवाली की झालरें जगमगा रही हैं। नुकसान का दर्द बरकरार है लेकिन त्योहार की खुशियां फीकी न पड़ें, इसकी कोशिश हर घर में दिख रही है।
भार्गव कॉलोनी निवासी मनोज कुमार के घर में चार फीट पानी भर गया था। बोरिंग खराब होने पर उन्होंने 40 हजार रुपये खर्च कर नई बोरिंग कराई। शनिवार दोपहर तीन बजे वह अपने बड़े बेटे के साथ दरवाजे की सफाई कर रहे थे। बोले, बाढ़ से नुकसान तो बहुत हुआ, लेकिन त्योहार भी मनाना है।
फैजुल्लागंज की मामा कॉलोनी, दाउदनगर, भार्गव कॉलोनी, राम विहार, गणेश विहार और कच्ची ढाल की करीब एक लाख आबादी बाढ़ से प्रभावित हुई थी। कई परिवारों को रिश्तेदारों के यहां या तीन-चार हजार रुपये महीने किराये पर कमरा लेकर रहना पड़ा। बोरिंग फेल होने, फर्नीचर खराब होने और घरों की सफाई पर लाखों रुपये खर्च हुए।
…त्योहार तो मनाना ही है
शनिवार की दोपहर भार्गव कॉलोनी के ही अनूप गुप्ता भी त्याेहार की तैयारियों में जुटे थे। बताया कि घर में चार फीट पानी भरा था। फर्नीचर और अन्य सामान खराब हो गए। पर त्योहार तो मनाएंगे ही। साैरभ ने बताया कि बाढ़ के बाद अब घर लौटे हैं। सफाई चल रही है और पूजा घर में ही करेंगे। विनय, राजू, विकास आदि भी त्योहार की तैयारियों में जुटे दिखे।
अब जगमगा रहीं रंग-बिरंगी झालरें
करीब डेढ़ माह पूर्व भार्गव काॅलोनी और गणेश विहार की जिन गलियों में सिर्फ पानी ही नजर आता था। शनिवार को वे गलियां रंग-बिरंगी झालरों से जगमग दिखीं। लोग घरों के दरवाजे पर बंधनवार और झालर बांध रहे थे। मोहल्ले में लगी दुकानों पर भी खरीदार थे। मुख्य मार्ग की बाजार में दिवाली की रौनक थी।
प्लॉटों में भरा है पानी
भार्गव काॅलोनी, गणेश विहार, मामा काॅलोनी और अन्य स्थानों के प्लॉटों में अभी पानी भरा है। स्थानीय लोगों ने नियमित सफाई कराए जाने की मांग की है।

फैजुल्लागंज की भार्गव कॉलोनी में झालरों से जगमगाते घर।

फैजुल्लागंज की भार्गव कॉलोनी में झालरों से जगमगाते घर।

फैजुल्लागंज की भार्गव कॉलोनी में झालरों से जगमगाते घर।

फैजुल्लागंज की भार्गव कॉलोनी में झालरों से जगमगाते घर।
