पत्नी दिव्या और बहन तुलिका की गोली मारकर हत्या करने के बाद आत्महत्या करने वाले बैंक अधिकारी मानस को कहीं किसी ने इस कदम के लिए उकसाया तो नहीं था? पुलिस ने अब इस पहलू पर भी जांच शुरू कर दी है। घटना में इस्तेमाल असलहा मुहैया कराने वाले की तलाश तेज कर दी गई है। हालांकि पुलिस अभी इसकी पुष्टि नहीं कर रही है कि मानस को असलहा कहां से मिला था।
पुलिस सूत्रों के मुताबिक, मानस को असलहा सीतापुर के एक अधिवक्ता के माध्यम से मिला था। डीसीपी पूर्वी दीक्षा शर्मा ने बताया कि असलहा देने वाले का अभी पता नहीं चला है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
ये भी पढ़ें – अवैध संबंध: पत्नी ने खीर में नशे की छह गोलियां दी… फिर ईंट से वारकर और कपड़े से मुंह दबाकर कर दी पति की हत्या
ये भी पढ़ें – अयोध्या में मछली भोज: संत बोले- सनातन आस्था से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं, प्रदेश अध्यक्ष से माफी की मांग की
मानस के घर से दो आईफोन और दो एंड्रॉयड मोबाइल फोन मिले थे। दोनों आईफोन लॉक हैं, जिन्हें खोलने में पुलिस को परेशानी हो रही है। एंड्रॉयड फोन की जांच में भी फिलहाल कोई महत्वपूर्ण जानकारी नहीं मिली है। पुलिस ने मानस की कॉल डिटेल हासिल की है। घटना से पहले उसने जिन लोगों से बातचीत की थी, पुलिस अब उनसे पूछताछ कर यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि उसके संपर्क में कौन-कौन लोग थे और बातचीत किस मुद्दे पर हुई थी।
एफआईआर के लिए विधिक राय ली जाएगी
दोहरे हत्याकांड और आत्महत्या के मामले में अब तक किसी पक्ष की ओर से तहरीर नहीं दी गई है। इसलिए घटना को लेकर एफआईआर दर्ज नहीं हुई है। पुलिस सूत्रों के मुताबिक, मानस के पास से मिले अवैध असलहों के संबंध में आर्म्स एक्ट के तहत एफआईआर दर्ज की जा सकती है। एडीसीपी पूर्वी अमोल मुर्कुट ने बताया कि इस संबंध में विधिक राय ली जा रही है। इसके बाद तय होगा कि मृतक मानस के खिलाफ आर्म्स एक्ट के तहत एफआईआर दर्ज की जाएगी या नहीं।
