लखनऊ। इस दिवाली घरों की सजावट में रोशनी के नए रंग और डिजाइन देखने को मिलेंगे। बाजार में पारंपरिक रंग-बिरंगी झालरों के साथ डायमंड कट, स्नोबॉल, पिक्सल और लीफ डिजाइन की एलईडी लाइटें आकर्षण बढ़ा रही हैं। सबसे खास मोबाइल से संचालित होने वाली स्मार्ट नियॉन लाइटें हैं, जिनमें ग्राहक अपनी पसंद के रंग और लाइटिंग मोड चुन सकते हैं। नाका हिंडोला और लाटूश रोड के बिजली बाजार में इनकी कई वैरायटी उपलब्ध हैं।
कारोबारियों के अनुसार, सजावटी लाइटों के बाजार में भारतीय निर्मित उत्पादों की हिस्सेदारी बढ़ रही है। 15, 25 और 35 मीटर की मरम्मत योग्य झालर 40 से 80 रुपये तक में उपलब्ध है। झंडी वाली झालरों की कीमत 150 से 600 रुपये तक है। इसके अलावा एलईडी स्ट्रिप, पिक्सल लाइट और रंगीन दीया लाइट के विकल्प भी हैं।
बुर्ज खलीफा और डायमंड कट डिजाइन का आकर्षण
नाका हिंडोला के कारोबारी प्रकाश सिंघल ने बताया कि इस बार बड़े और चमकदार डिजाइन पसंद किए जा रहे हैं। डायमंड कट झालर क्रिस्टल जैसी चमक देती है, जबकि स्नोबॉल में गोलाकार रोशनी का प्रभाव दिखता है। बुर्ज खलीफा डिजाइन की लाइटें भी अपने आकर्षक आकार के कारण लोगों को लुभा रही हैं। इन्हें मुख्य दरवाजे, छत और बाहरी हिस्सों में लगाया जा सकता है।
मोबाइल से बदलेंगे रंग
गुरुद्वारा रोड व्यापार मंडल के अध्यक्ष एवं कारोबारी असित अग्रवाल के अनुसार, स्मार्ट नियॉन लाइट को मोबाइल से जोड़कर एप के जरिये संचालित किया जा सकता है। इसमें बोलकर भी रंग बदलने का विकल्प है। क्यूआर कोड स्कैन कर एप डाउनलोड करने की सुविधा भी मिलती है। रिमोट कंट्रोल वाली पाइप लाइटें भी उपलब्ध हैं। रंग बदलने वाली इन लाइटों से एक ही जगह पर अलग-अलग रंगों की रोशनी का प्रभाव बनाया जा सकता है।
पत्तियों से लेकर बर्फ के गोले जैसे डिजाइन
नाका हिंडोला क्षेत्र के कारोबारी कमलजीत सिंह ने बताया कि पिछले साल की तुलना में सजावटी लाइटों की कीमतों में 10 से 20 फीसदी तक बढ़ोतरी हुई है। लीफ डिजाइन में कृत्रिम पत्तियों के साथ एलईडी लगाई गई हैं। वहीं, महीन तांबे के तारों पर लगी छोटी एलईडी वाली स्पार्कल लाइट भी पसंद की जा रही है। बालकनी के लिए राइस लाइट, खिड़कियों के लिए पर्दे वाली झालर और छत व गेट के लिए रोप लाइट के विकल्प मौजूद हैं।

नाका में झालरों की खरीदारी करते लोग।

नाका में झालरों की खरीदारी करते लोग।

नाका में झालरों की खरीदारी करते लोग।
